विभाजित प्लाट का मामला: मुख्यमंत्री की घोषणा के 100 दिन बाद भी अभी तक नहीं हुआ निराकरण, रतलाम आए नगरीय प्रशासन मंत्री ने भी दिया सिर्फ जल्द रास्ता निकालने का आश्वासन

indresh98kumar@gmail.com
3 Min Read

रतलाम,14नवम्बर(खबरबाबा.काम)। मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान द्वारा विभाजित प्लाट के मामले के निराकरण के लिए नगर निगम चुनाव के दौरान रतलाम में की गई घोषणा के 100 दिन बाद भी अभी तक कोई आदेश नहीं हो पाया है। रविवार को रतलाम आए नगरीय प्रशासन मंत्री भी इस मामले के समाधान को लेकर सिर्फ जल्द रास्ता निकालने का आश्वासन ही दे पाए।

हजारों परिवारों के आवास जैसी मूलभूत आवश्यकता से जुड़े विभाजित प्लाट के मुद्दे को सबसे पहले खबरबाबा.काम ने प्रमुखता से उठाया। इसके बाद शहर विधायक चेतन्य काश्यप ने मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान को विभाजित प्लाट की लीज वृद्धि, नामांतरण और भवन निर्माण की अनुमति नहीं मिलने से परेशान हो रहे हजारों परिवार की समस्या से अवगत कराया। विधायक श्री काश्यप के प्रयास के बाद नगर निगम चुनाव के दौरान रतलाम में मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने सभा में विभाजित प्लाट के मामले के निराकरण की घोषणा की थी। मुख्यमंत्री की घोषणा के 100 दिन बाद भी नगरीय प्रशासन मंत्रालय ने मामले के निराकरण को लेकर कोई ठोस कदम नहीं उठाया है।

नगर निगम चुनाव के बाद शहर विधायक चेतन्य काश्यप दो बार भोपाल जाकर नगरीय प्रशासन मंत्री भूपेंद्र सिंह से मिलकर अविकसित कालोनियों और विभाजित प्लाट के मामले के शीघ्र निराकरण की मांग भी कर चुके हैं। जिसके बाद ऐसा लग रहा था कि रतलाम दौरे पर आए नगरीय प्रशासन मंत्री भूपेंद्र सिंह इस मामले को लेकर ठोस कदम उठाए जाने की जानकारी देंगे, लेकिन उन्होंने भी सिर्फ मामले के जल्द रास्ता निकालने का आश्वासन दिया है।

विभाजित प्लाट पर लीज वृद्धि, नामांतरण और भवन निर्माण अनुमति नहीं मिलने के कारण शहर में हजारों परिवार परेशान है। विधायक चेतन्य काश्यप के प्रयास से मुख्यमंत्री द्वारा की गई घोषणा के बाद इन हजारों मध्यमवर्गीय परिवारों में एक उम्मीद की किरण जागी थी, लेकिन अभी तक मामले का निराकरण नहीं होने से सभी निराश है। सभी को आवास उपलब्ध कराने का वादा करने वाली सरकार हजारो मध्यमवर्गीय परिवार के आवाज से जुड़े इस महत्वपूर्ण मुद्दे का मुख्यमंत्री कीघोषणा के बाद भी समाधान क्यों नहीं कर पा रही है ,यह समझ से परे है।

Share This Article
Leave a Comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *