
रतलाम,16अप्रैल(खबरबाबा.काम)। यदि हम कुछ दिन की यात्रा पर भी जाते हैं तो यात्रा में हमें किसी प्रकार की असुविधा ना हो इसके लिए कई दिन पहले से तैयारी की जाती है। यदि हमें अगले भव की यात्रा पर जाना है,उसे सुधारना है, तो उसके लिए कितनी तैयारी करना होगी? श्रावक जीवन का मुख्य उद्देश्य लब्ध लक्ष्य यानी मोक्ष प्राप्त करना है।
उक्त विचार श्री सोहन लाल जी डोशी परिवार (डोशी केमिस्ट) द्वारा आयोजित अनुमोदना एवं बहुमान समारोह में मुमुक्षु संयम प्रवीण जी पालरेचा ने व्यक्त किए। उल्लेखनीय है कि रतलाम निवासी मुमुक्षु संयमजी पालरेचा 12 जून 2024 को रतलाम में दीक्षा ग्रहण करेंगे।

बहुमान समारोह का आयोजन
दीक्षा ग्रहण समारोह के पूर्व मुमुक्षु संयमजी पालरेचा का श्री सोहनलाल जी डोशी परिवार द्वारा अनुमोदना एवं बहुमान समारोह का आयोजन रविवार को स्थानीय अमृत गार्डन में किया गया।
इस अवसर पर श्री सोहन लाल डोशी, श्रीमती जर्मन डोशी, विजय डोशी, भूपेंद्र डोशी,शरद डोशी,दिपक डोशी,विनय डोशी, नगीन जैन,ब्रजलाल कांठेड़ जावरा, चंद्रप्रकाश चंडालिया खाचरौद, शलभ डोशी, राजेश धाकड़ नागदा, सुभाष लोढ़ा इंदौर, जिला औषधि विक्रेता संघ के अध्यक्ष जय छजलानी,जेएसजी रतलाम सेंट्रल के अध्यक्ष आशीष लूनिया, दिनेश बरमेचा, राजेंद्र लुणावत, मनोज कटारिया,प्रफुल्ल लोढा, निर्मल मेहता, विजेन्द्र गादिया, इंद्रवर्धन मूणत,हर्ष मांडोत, ओम कोठारी ,प्रमोद नाहर, जयंतीलाल डांगी, मणिलाल जैन, रजनीश गोयल, डॉ तरुणेन्द्र मिश्रा, महैन्द्र कोठारी, अशोक बरमेचा, श्रीमती लता डोशी, श्रीमती रेखा डोशी , कृति मांडोत, श्रीमती पूजा मुणत,नीलू डोशी,नेहल डोशी,सपना जैन द्वारा मुमुक्षु एवं परिवार का बहुमान किया।
कार्यक्रम के प्रारंभ में विजय डोशी सैलाना, महेंद्र चंडालिया,पूजा मुणत, इतिशा लोढा इंदौर, श्रीमती राखी नाहर मंदसौर, श्रीमती वंदना बरमेचा ने अपने भाव व्यक्त किए।
बहुमान समारोह में प्रदीप डांगी एवं साथियों द्वारा भक्ति संगीत का कार्यक्रम भी प्रस्तुत किया गया। कार्यक्रम का संचालन प्रदीप डांगी ने किया।
12 जून को होगी दीक्षा
मुमुक्षु संयमजीजी प्रवीण जी पालरेचा 12 जून 2024 को रतलाम में आगमोंद्वारक श्री सागरआनंद सूरीजी समुदाय के अयोध्या पुरम तीर्थ प्रणेता परम पूज्य शासन प्रभावक श्री अशोक सागर सुरीश्वर जी म.सा. के शिष्य रत्न परम पूज्य श्री बंधु बैलड़ी आचार्य देव श्री जिनचंद्रसागर सुरिश्वर जी, परम पूज्य श्री हेमचंद्र सागरसुरिश्वर जी म.सा. के शिष्य परम पूज्य श्री पदमचंद्र सागर सुरिश्वर जी महाराज साहब के चरणों में अपना जीवन समर्पित करेंगे।
जीवन परिचय
मुमुक्षु- संयम जी पालरेचा
दादाजी- नगीन जी पालरेचा
दादीजी- स्व. श्रीमती अनुसुया पालरेचा
पापा- प्रवीण जी पालरेचा
माता- श्रीमती कविता पालरेचा
बहन बहनोई – श्रीमती लब्धि तिलक जी सिसोदिया
बुआ फूफा- श्रीमती रेखा दीपक जी डोशी
बुआ-सपना जैन



