
रतलाम,14 अगस्त(खबरबाबा.काम)। आलोट से नल जल योजना के करीब 30 लाख रुपए से अधिक के पाइप चोरी के मामले में पुलिस को महत्वपूर्ण सफलता मिली है। पुलिस ने चोरी हुए पाइप में से 27 लाख रुपए के पाइप बरामद करते हुए तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। चार अन्य आरोपियों की तलाश की जा रही है। एसपी राहुल लोढा ने फरार आरोपियों पर 5-5 हजार रुपए का इनाम भी घोषित कर दिया है।
एसपी राहुल लोढा ने बुधवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस कर पूरे मामले का खुलासा किया। इस दौरान एएसपी राकेश खाखा एवं एसडीओपी आलोट शाबेरा अंसारी भी मौजूद रही।
6 अगस्त को आलोट क्षेत्र में नल जल योजना का कार्य देख रही कंपनी के प्रोजेक्ट मैनेजर अनिल पिता गोवर्धन दास बैरागी ने आलोट थाने पहुंचकर नल जल योजना के 231 डीआई पाइप चोरी होने की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। चोरी गए पाइप की कुल कीमत 30 लाख रुपए के लगभग है।
एसपी राहुल लोढा ने मामले को गंभीरता से लेते हुए एएसपी राकेश खाखा एवं आलोट एसडीओपी शाबेरा अंसारी के मार्गदर्शन में टीम का गठन किया।
पुलिस ने घटनास्थल के पास लगे सीसीटीवी फुटेज के आधार पर वाहन चलाने वाले अकील नामक व्यक्ति से पूछताछ की। अकील ने पुलिस को बताया कि बजरंग नाम का व्यक्ति ट्रक लेकर मौके पर गया था और जीवन सिंह सोंधिया निवासी पाल नगरा द्वारा हाइड्रा के माध्यम से पाइप भरे गए थे। पुलिस ने जानकारी मिलने पर जिस ट्रक से पाइप ले गए थे उसके ड्राइवर आयुवानसिंह उर्फ कुलदीप सिंह 24 साल निवासी डीडवाना राजस्थान को गिरफ्तार किया और घटना में प्रयुक्त ट्रक को भी जब्त किया गया। ट्रक ड्राइवर से पूछताछ से मिली जानकारी के बाद आलोट पुलिस ने राजस्थान के कोटा के पास मंडाना एवं दोसा जिले के महवा से 41 बड़े और 135 छोटे पाइप बरामद किए। पुलिस ने इस मामले में आरोपी जीवनसिंह, चालक बजरंग और कुलदीप सिंह को गिरफ्तार कर लिया है।
चार आरोपियों की तलाश
एसपी राहुल लोढा ने बताया कि पूरे मामले के मास्टरमाइंड हरिराम पिता पूरणमल निवासी छोटी सीकर राजस्थान और उसका भाई विकास पिता पूरणमल है। यह दोनों पूर्व में नल जल योजना में काम करते थे। इन्होंने पाइप चोरी करने के लिए जीवन सिंह, कुलदीप और बजरंग से संपर्क किया था। पाइप चोरी करने के बाद चोरी के पाइप राजस्थान में मुकेश पिता नेमाराम जाट और सुरेश पिता त्रिलोचन जाट के यार्ड में रख दिए थे। यह दोनों ठेकेदार हैं। पुलिस ने इन चारों को भी आरोपी बनाया है। पुलिस इनकी तलाश कर रही है। एसपी ने चारों की गिरफ्तारी पर 5-5 हज़ार रुपए का इनाम भी घोषित किया है।
इनकी रही सराहनीय भूमिका
पूरे मामले के खुलासे और आरोपियों की गिरफ्तारी में एसडीओपी आलोट शाबेरा अंसारी, टीआई संतोष चौरसिया, एसआई मनोज पाटीदार, कुलदीप डाबी, एएसआई अशोक चौहान, प्रधान आरक्षक अमित भावसार, आरक्षक अभिनंदन, अंकित, राजेश चौधरी, रौनक पोरवाल, बाबूलाल, साइबर टीम के एसआई अमित शर्मा, आरक्षण विपुल भावसार की मुख्य भूमिका रही।



