लॉकडाउन: RBI ने रेपो रेट में की सबसे बड़ी कटौती, बैंकों को EMI पर छूट देने की सलाह

indresh98kumar@gmail.com
4 Min Read

नई दिल्ली, 27मार्च2020/लॉकडाउन के बीच देश की इकोनॉमी को बूस्ट देने के लिए सरकार की ओर से लगातार प्रयास किए जा रहे हैं. इसी के तहत रिजर्व बैंक ने उम्मीद के मुताबिक रेपो रेट में 75 बेसिस प्वाइंट की कटौती की है. इस कटौती के बाद रेपो रेट 5.15 से घटकर 4.45 फीसदी पर आ गई है.
-इसके साथ ही बैंकों को ये सलाह दी है कि 3 महीने तक ईएमआई पर राहत दें. हालांकि, आरबीआई ने सिर्फ सलाह दी है. अब गेंद बैंकों के पाले में है. आसान भाषा में समझें तो बैंकों को अब तय करना है कि वो ईएमआई पर छूट दे रही हैं या नहीं.
-इसके साथ ही बैंक ही ये तय करेंगे कि वो कौन से लोन पर ईएमआई की छूट दे रहे हैं. मतलब ये कि रिटेल, कमर्शियल या अन्य तरह के लोन लेने वाले लोगों के लिए एक तरह का कन्फ्यूजन अब भी बना हुआ है.
=रेपो रेट की यह कटौती आरबीआई इतिहास की सबसे बड़ी है.बता दें कि बीते दो मौद्रिक समीक्षा बैठक में आरबीआई ने रेपो रेट को लेकर कोई फैसला नहीं लिया था.
-रेपो रेट कटौती का फायदा होम, कार या अन्य तरह के लोन सहित कई तरह के ईएमआई भरने वाले करोड़ों लोगों को मिलने की उम्मीद है. इसके साथ ही आरबीआई ने रिवर्स रेपो रेट में भी 90 बेसिस प्वाइंट कटौती करते हुए 4 फीसदी कर दी है.
– हालांकि, आरबीआई ने जीडीपी ग्रोथ रेट और महंगाई रेट को लेकर आंकड़े नहीं जारी किए हैं ये पहली बार है जब आरबीआई ने आंकड़े पेश नहीं किए हैं.
आरबीआई गवर्नर ने बताया कि कोरोना वायरस की वजह से कैश फ्लो में आई चुनौती से निपटने के लिए कदम उठाए जा रहे हैं.कैश रिजर्व रेशियो (CRR) में 100 बेसिस प्वाइंट की कटौती करके 3 प्रतिशत कर दिया गया है. यह एक साल तक की अवधि के लिए किया गया है.आरबीआई गवर्नर के मुताबिक सभी कमर्शियल बैंकों को ब्याज और कर्ज अदा करने में 3 महीने की छूट दी जा रही है. इस फैसले से 3.74 करोड़ रुपये की नकदी सिस्टम में आएगी.
डिजिटल बैंकिंग पर जोर
आरबीआई गवर्नर ने इसके साथ ही लोगों से डिजिटल बैंकिंग की सलाह दी है.उन्होंने साथ ही ये भी कहा कि बैंकिंग सिस्टम सुरक्षित और मजबूत है.
वित्तीय सेवा विभाग के सचिव ने लिखा लेटर
वित्त मंत्रालय ने मामले की गंभीरता को देखते हुए रिजर्व बैंक (आरबीआई) को लेटर लिखकर कहा है कि वह ग्राहकों को राहत देने के लिए आपातकालीन उपाय करे. कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी ने भी गुरुवार को पीएम मोदी को लेटर लिखकर यह मांग की थी कि कोरोना को देखते हुए लोगों की ईएमआई और लोन भुगतान को छह महीने के लिए टाल दिया जाए.
गरीबों के लिए हुआ है पैकेज का ऐलान
गौरतलब है कि 21 दिनों के लॉकडाउन के बीच वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने गरीबों के लिए गुरुवार को 1.70 लाख करोड़ के स्पेशल पैकेज का ऐलान किया है. इस पैकेज के जरिए देश के किसान, मजदूर और महिला वर्ग के अलावा बुजुर्ग, विधवा और दिव्यांगों को राहत देने की कोशिश की गई है. लेकिन मिडिल क्लास के बारे में सरकार ने कुछ नहीं किया.
लोन और ईएमआई पर क्या कहा था वित्त मंत्री ने
इस बारे में पत्रकारों के सवाल पर वित्त मंत्री ने लोन और ईएमआई की चिंताओं पर कहा कि फिलहाल हमारा फोकस गरीबों को भरपेट भोजन और उन्हें पैसे पहुंचाने पर है.
(साभार-आज तक)

Share This Article
Leave a Comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *